प्रो. दीपक पेंटल : दिल्ली विश्वविद्यालय के कुलपति

पेंटल 1978 से 1984 तक नोटिंगम विश्वविद्यालय में पोस्टडाक्टरेट और रिसर्च फैलो भी रह चुके हैं। 1993 में उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय के दक्षिण परिसर में जेनेटिक के प्रोफेसर के रूप में अपनी सेवाएं देनी शुरू की। वे 2000 से 2005 तक दक्षिण परिसर के निदेशक भी रहे। 2005 में दिल्ली विश्वविद्यालय के उपकुलपति रहे।

Deepak Pental 200x166 प्रो. दीपक पेंटल : दिल्ली विश्वविद्यालय के कुलपतिप्रो. दीपक पेंटल दिल्ली विश्वविद्यालय के कुलपति हैं। उनका जन्म 1951 में हुआ। प्रो. दीपक पेंटल ने पंजाब विश्वविद्यालय से 1971 में बाटनी में आनर्स की डीग्री प्राप्त की। उसके बाद उन्होंने एमएससी आनर्स उसी विश्वविद्यालय से सम्पन्न किया।

उन्होंने अपनी पीएचडी रजर विश्वविद्यालय, अमेरिका से 1978 में पूरी की। इसके अलावा पंजाब विश्वविद्यालय से उन्होंने गांधी दर्शन में डिप्लोमा भी हासिल कर रखा है।

पेंटल 1978 से 1984 तक नोटिंगम विश्वविद्यालय में पोस्टडाक्टरेट और रिसर्च फैलो भी रह चुके हैं। वे टाटा एनर्जी रिसर्च इंस्टीटयूट में काम करने के लिए 1985 में भारत आये। उसके बाद 1993 में उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय के दक्षिण परिसर में जेनेटिक के प्रोफेसर के रूप में अपनी सेवाएं देनी शुरू की। वे 2000 से 2005 तक दक्षिण परिसर के निदेशक भी रहे। 2005 में दिल्ली विश्वविद्यालय के उपकुलपति रहे।

प्रो. दीपक पेंटल कई संस्थाओं के सदस्य हैं जैसे राष्ट्रीय कृषि विज्ञान अकादमी, राष्ट्रीय विज्ञान अकादमी और सीएसआईआर आदि।

वे जनरल आफ बायोसाइंस एंड करंट साइंस के संपादकीय विभाग के सदस्य भी हैं।

प्रो. दीपक पेंटल को 2004 में जवाहरलाल नेहरू फैलोशिप दी गई लेकिन अपनी प्रशासनिक जिम्मेदारियों के कारण वे इसके प्रति उदासीन रहे।

2007 में उन्हें फ्रांस सरकार ने आफिसर डेस पाम्स अकेडमिक्स पुरस्कार प्रदान किया था।

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Working as Associate Editor of Bhartiya Paksha, a monthly magazine published from New Delhi. To know more click to

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